विवेक कुमार यादव। ब्युरो । बिहार/झारखंड ।
बिहार सरकार द्वारा संचालित इस प्रशिक्षण कार्यक्रम में मिलेगा ₹1000 मासिक छात्रवृत्ति और विभिन्न भत्ते, अंतिम तिथि 20 जून 2025 ।
पटना:
बिहार सरकार, उद्योग विभाग के अधीन उपेन्द्र महारथी शिल्प अनुसंधान संस्थान, पटना द्वारा जुलाई से दिसंबर 2025 तक संचालित होने वाले निःशुल्क हस्तशिल्प प्रशिक्षण कार्यक्रम हेतु राज्य के युवक-युवतियों से आवेदन आमंत्रित किए गए हैं। यह प्रशिक्षण राज्य के पारंपरिक एवं रोजगारपरक हस्तशिल्प कलाओं को संरक्षित करने और युवाओं को आजीविका आधारित हुनर देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम माना जा रहा है।

प्रशिक्षण की समयावधि एवं चरण:
- बेसिक प्रशिक्षण: जुलाई–सितंबर 2025
- उच्च प्रशिक्षण: अक्टूबर–दिसंबर 2025
- अंतिम तिथि: 20 जून 2025
- प्रायोगिक परीक्षा एवं दस्तावेज सत्यापन: 23 जून 2025, प्रातः 11:00 बजे, संस्थान परिसर, पटना
प्रशिक्षण की प्रमुख विशेषताएं:
- निःशुल्क प्रशिक्षण एवं सामग्री उपलब्ध
- ₹1000/- प्रतिमाह छात्रवृत्ति
- महिला आवेदिकाओं को भोजन व अल्पाहार हेतु ₹1500/- तक भत्ता
- पुरुष प्रशिक्षणार्थियों को ₹2000/- मासिक आवास व भोजन भत्ता (उपस्थिति आधारित)
- 400 कुल सीटें उपलब्ध
प्रशिक्षण शाखाएँ एवं सीट विवरण (प्रमुख कलाएँ):
- मधुबनी पेंटिंग – 50 सीटें
- टिकुली, मंजुषा, पेपरमेशी, टेराकोटा, एप्लिक, खिलौना निर्माण, ब्लॉक प्रिंटिंग, चर्म शिल्प, सिरेमिक, सिक्की, सुजनी, जूट, मेटल, गुड़िया निर्माण, वेणुशिल्प आदि – 20 से 25 सीटें प्रति कला
पात्रता मानदंड:
- न्यूनतम योग्यता: कक्षा 7वीं उत्तीर्ण
- आयु सीमा: 22 से 45 वर्ष (01 जुलाई 2025 की स्थिति में)
- बिहार निवासी होना अनिवार्य (प्रमाण-पत्र आवश्यक)
- पूर्व प्रशिक्षित अभ्यर्थी भी आवेदन कर सकते हैं, परंतु वे छात्रवृत्ति के पात्र नहीं होंगे
- उच्च प्रशिक्षण हेतु 75% उपस्थिति अनिवार्य
आवेदन प्रक्रिया:
इच्छुक अभ्यर्थी संस्थान की वेबसाइट
???? www.umsas.org.in/training-program/
पर ऑनलाइन आवेदन कर सकते हैं।
यह कार्यक्रम न केवल रोजगारमूलक है बल्कि बिहार की कला-संस्कृति को जीवित रखने की दिशा में भी एक सार्थक पहल है। समय रहते आवेदन करें और अपने भविष्य को आकार दें।








